भिवानी | जिले के गांव कुड़ल में उस समय हड़कंप मच गया जब दाह संस्कार की तैयारी के दौरान पुलिस ने हत्या की सूचना मिलने पर चिता से शव को उठाकर कब्जे में ले लिया। मृतक की पहचान गांव कुड़ल निवासी 52 वर्षीय लीलू के रूप में हुई है, जिनकी शनिवार को रोहतक पीजीआई में इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी।
हत्या की सूचना पर पुलिस ने रोका अंतिम संस्कार
जुई कलां थाना पुलिस के जांच अधिकारी एसआई सुरेश कुमार ने बताया कि लीलू की संदिग्ध मौत की सूचना मिलने पर टीम तुरंत गांव पहुंची। उस वक्त श्मशानघाट में दाह संस्कार की तैयारियां चल रही थीं। पुलिस ने परिजनों को समझाकर शव को चिता से हटवाया और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भिवानी भिजवाया।
बेटे के बयान पर की गई जांच
मृतक के बेटे मनीष कुमार के बयान दर्ज किए गए, जिसमें उसने बताया कि उसके पिता शराब की लत के शिकार थे और 24 अप्रैल को अत्यधिक नशे में खुद को चोट पहुंचा बैठे थे। इलाज के दौरान रोहतक पीजीआई में उनकी मौत हो गई थी।
थाना प्रभारी संजय कुमार के मुताबिक, किसी ने जमीनी विवाद के चलते झूठी हत्या की सूचना दी थी। पुलिस ने एहतियातन शव का पोस्टमार्टम कराया और रिपोर्ट के बाद इसे इत्तेफाकिया मौत मानते हुए शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया।







