यमुनानगर, 22 अक्टूबर- बलौली गांव के एक झोलाछाप डॉक्टर पर स्वास्थ्य विभाग ने पूरी तरह से नकेल कस दी है। पहले उन्हें हिरासत में लिया हालांकि अब वह हवालात से बाहर है। ड्रग कंट्रोलर की टीम ने करीब 10 घंटे दवाइयां की जांच की और 124 किस्म की अलग-अलग दवाइयां को सीज कर दिया।
यमुनानगर जिले के बलौली गांव में झोलाछाप डॉक्टर पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पूरी तरह से शिकंजा कस दिया है। 19 अक्टूबर को हुई क्लीनिक पर रेड के बाद आज करीब 10 घंटे तक ड्रग कंट्रोलर विभाग की टीम क्लीनिक से दवाइयां की लैपटॉप में एंट्री करती रही। ड्रग कंट्रोलर इंस्पेक्टर बिंदु धीमान ने बताया कि करीब 10 घंटे दवाइयां की जांच चलती रही और 124 किस्म की दवाइयां को हमने क्लीनिक से सीज कर लिया है। इन दवाइयां को मालखाने में जमा कराया जाएगा। इसके अलावा तीन दवाइयां अलग से सैंपलिंग के लिए चंडीगढ़ लैब में भेजी जाएगी । रिपोर्ट आने के बाद आरोपी डॉक्टर की ज्यूडिशरी कस्टडी कोर्ट से ली जाएगी। आपको बता दे की 19 अक्टूबर को बलौली गांव के सरपंच श्याम लाल ने डॉक्टर मोहित की प्रशासन को सूचना दी थी कि वह अपने क्लीनिक पर नशे की दवाइयां बेचता है। जब स्वास्थ्य विभाग ने जांच की तो मौके से नशे की प्रतिबंधित दवाइयां तो नहीं मिली लेकिन डॉक्टर के पास ना डिग्री थी, ना लाइसेंस और ना ही दवाइयां के स्टॉक का कोई बिल। इसके बाद ड्रग कंट्रोलर विभाग की टीम ने सभी दवाइयां को सीज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।







