चंडीगढ़ (अंकुर कपूर): देश में कारोना के बढ़ते मामलों के बीच हरियाणा में मास्क पहनना जरूरी है। हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने यह जानकारी दी और कहा कि सभी हेल्थ वर्करों के लिए भी मास्क पहनना अनिवार्य हो गया है। बता दें कि 100 से ज्यादा भीड़ वाले इलाकों में मास्क पहनना जरूरी हुआ।
कोविड मरीजों की जीनोम सिक्वेंसिंग करने के निर्देश
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि अगर खांसी, जुकाम के मरीज अस्पताल में आते हैं तो उनका कोरोना टेस्ट अनिवार्य किया जाए। जिन मरीजों की कोविड की टेस्टिंग की गई है और उन्हें कोविड पाया जाता है तो ऐसे मरीजों की जीनोम सिक्वेंसिंग भी की जाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि अभी तक जो कोविड का वेरिएंट आया है वह काफी माइल्ड हैं। उन्होंने बताया कि पिछले एक सप्ताह में राज्य में 25404 टेस्टिंग की जा चुकी है। इसके अलावा, कोरोना की पहली वैक्सीनेशन डोज 103 प्रतिशत, दूसरी डोज 86 प्रतिशत लगाई गई जबकि प्रीकॉशन डोज में कमी हैं।

कोविड के प्रोटोकॉल को खुद की प्रेरणा से लोगों को मानना चाहिए
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि लोग कोविड से बचाव के लिए सोशल डिस्टेसिंग, बार-बार हाथ धोना, मास्क पहनना और ज्यादा तरल लेना इत्यादि का पालन करें तो इससे बड़ी ही आसानी से लड़ा जा सकता हैं। बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री को अवगत कराया गया कि आगामी 10 व 11 अप्रैल को राज्य के विभिन्न स्थानों में मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। इसके अलावा, राज्य के सभी सिविल सर्जन को टैस्टिंग दोगुणी करने के निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। मंत्री को अवगत कराया गया है कि एसएआरआई, आईएलआई, फलु कॉर्नर की शत-प्रतिशत टेस्टिंग की जा रही है।

कोविड गाइडलाइंस जारी
बैठक में स्वास्थ्य मंत्री ने ‘क्या करें व क्या न करें’ के संबंध में एसओपी तैयार करने के लिए निर्देश भी अधिकारियों को दिए। जिसमें भीडभाड वाले क्षेत्रों में मास्क पहनना अनिवार्य, साबुन या सैनिटाइजर या पानी से हाथों को धोएं, आंखों, नाक व मुंह का छूने से बचें, संक्रमित व्यक्ति से एक हाथ की दूरी बनाए रखें, खांसते व छींकते समय अपने मुंह को ढंक लें, पानी ज्यादा पीएं और पोषित आहार लें। इसी प्रकार, क्या न करें में हाथ न मिलाएं, सार्वजनिक स्थानों पर न थूके, ज्यादा लोगों के बीच अर्थात समूह में खाना न खाएं, बिना डॉक्टर की सलाह के कोई दवाई न लें।







