यमुनानगर: हरियाणा के यमुनानगर जिला में गाय में फैली लंपी स्किन बीमारी से सबसे ज्यादा प्रभावित है। यमुनानगर का कोई ऐसा गांव नहीं है, जहां इस बीमारी का प्रकोप ना हो। लगभग सभी गांव में इस बीमारी के चलते पशुपालक परेशान हैं। उनका भारी आर्थिक नुकसान हो चुका है। जिला में अब तक 56 गाय की मौत इस बीमारी से हो चुकी है। 11000 गाय इस बीमारी से प्रभावित हैं। जिनमें से 7500 गाय ठीक हो चुकी है। जबकि 3500 गायों में अभी इस बीमारी के लक्षण हैं, उनका पशुपालन विभाग द्वारा इलाज किया जा रहा है।
पशुओं के इंटर स्टेट, इंटर डिस्ट्रिक्ट लाने ले जाने पर पाबंदी लगाई गई है। इसके लिए धारा 144 लगा दी गई है। यमुनानगर के उपायुक्त पार्थ गुप्ता ने बताया कि यमुनानगर में 5000 वैक्सीन डोज आए थे। जो पशुओं को लगा दिए गए हैं। यह उन पशुओं को लगाए गए हैं जिनमें बीमारी आने के बाद चली गई या जिनमें बीमारी के कोई लक्षण नहीं है। उन्होंने बताया कि वैक्सीनेशन की और डोज के लिए मुख्यालय को लिखा गया है। इसके अलावा सभी गांव व गोशालाओं में फॉकिंग करवाई जा रही है। पशुपालन विभाग के डॉक्टर इस बीमारी पर काबू पाने के लिए पूरा प्रयास कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि अगर कोई बेसहारा गाय सड़कों पर नजर आती है तो नगर निगम द्वारा उसके लिए पशु चिकित्सकों को बुला कर उसे चेक करवाया जाता है। जरूरत पड़ने पर उसका इलाज करवाया जाता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वह इस बीमारी से दहशत में ना आए, विभाग द्वारा बीमारी पर काबू पाने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि गाय का दूध उबाल कर पीना चाहिए।







