अनुज पांचाल ,गुरुग्राम। नीट परीक्षा में कथित धांधली और छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) ने गुरुग्राम में जोरदार प्रदर्शन किया। युवा इनेलो के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपते हुए मामले की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और शिक्षा मंत्रालय के खिलाफ नारेबाजी भी की।
शहरी इनेलो जिलाध्यक्ष कुलदीप कटारिया ने कहा कि नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं और छात्रों पर हुए पुलिस बल प्रयोग ने युवाओं का विश्वास कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांग रखने वाले छात्रों की आवाज को दबाने का प्रयास उचित नहीं है। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज की भी जांच कराई जाए।
प्रदर्शन के बाद इनेलो नेताओं ने जिला प्रशासन को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित करने, छात्रों के हितों की रक्षा करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की गई।
युवा इनेलो के जिलाध्यक्ष गौरव भाटी ने कहा कि 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर कथित लाठीचार्ज निंदनीय है। उन्होंने कहा कि यदि नीट परीक्षा से जुड़े आरोपों की निष्पक्ष जांच कराई जाती है तो सच्चाई सामने आ जाएगी। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा देने की मांग भी की।
इनेलो नेताओं ने कहा कि छात्रों को न्याय मिलने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने समय रहते उचित कदम नहीं उठाए तो आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से और व्यापक बनाया जाएगा। नेताओं का कहना था कि युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर सरकार को संवेदनशीलता दिखानी चाहिए और छात्रों की मांगों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाना चाहिए।







