फरीदाबाद | हरियाणा में वायु प्रदूषण लगातार खतरनाक स्तर पर पहुंच रहा है। गुरुवार सुबह जारी एयर क्वालिटी रिपोर्ट ने राज्य की हवा की बिगड़ती स्थिति को और चिंताजनक बना दिया। राज्य के अनेक शहरों में AQI ‘बेहद गंभीर’ और ‘खतरनाक’ श्रेणी में दर्ज हुआ है।
फरीदाबाद में स्थिति सबसे भयावह
राज्य में सबसे खराब हालात फरीदाबाद में देखने को मिले, जहां AQI 508 तक पहुंच गया। यह स्तर ‘सीवियर प्लस’ श्रेणी में आता है और किसी भी व्यक्ति के लिए अत्यंत हानिकारक माना जाता है। विशेषज्ञों के अनुसार इतनी जहरीली हवा में कुछ घंटों तक रहना भी आंखों में जलन, सांस रुकने, सीने में भारीपन और गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं पैदा कर सकता है।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि—
- घर से बाहर निकलने से बचें
- मास्क का अनिवार्य रूप से उपयोग करें
- सुबह-शाम की सैर बंद रखें
- अस्थमा और हार्ट पेशेंट दवाइयां साथ रखें
गुरुग्राम में AQI 498—ऑफिस हब में हुआ मुश्किलों का ‘दमघोंटू’ इजाफा
दिल्ली-NCR का प्रमुख कॉर्पोरेट शहर गुरुग्राम भी अत्यंत प्रदूषित हवा से जूझ रहा है। यहां AQI 498 दर्ज किया गया, जो फरीदाबाद से सिर्फ कुछ अंक पीछे रहा। गुरुग्राम में भारी ट्रैफिक, ऑफिस आवागमन, औद्योगिक गतिविधियाँ और निर्माण कार्य प्रदूषण के बड़े कारण बताए जा रहे हैं। सुबह-शाम ट्रैफिक जाम में खड़े लोगों को सांस लेने तक में परेशानी हो रही है।
सोनीपत, रोहतक, कैथल और कुरुक्षेत्र भी ‘खराब’ से ‘गंभीर’ श्रेणी में
राज्य के अन्य शहरों में भी वायु गुणवत्ता बेहद खराब स्थिति में दर्ज की गई—
- सोनीपत – AQI 220
- रोहतक, कैथल, कुरुक्षेत्र – ‘खराब’ से ‘बहुत खराब’ श्रेणी
हालांकि ये आंकड़े NCR शहरों के मुकाबले कम हैं, लेकिन डॉक्टरों के अनुसार यह स्तर भी लंबे समय में गंभीर बीमारियां बढ़ा सकता है।
हेल्थ एक्सपर्ट की चेतावनी
पल्मोनोलॉजी विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मौसम में—
- बच्चों
- बुजुर्गों
- गर्भवती महिलाओं
- अस्थमा, एलर्जी और दिल के मरीजों
को विशेष सावधानी रखनी चाहिए। विशेषज्ञों ने प्रशासन से भी प्रदूषण रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।







