नारनौल, 6 दिसम्बर —–नारनौल के कोर्ट परिसर में आज तारीख पर आए एक युवक पर कुछ अज्ञात युवकों ने चाकू और पेचकस से हमला कर दिया। इससे युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। जबकि, हमलावर वारदात को अंजाम देने के बाद मौके से फरार हो गए। घायल को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। वहां से उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। युवक की हालत गंभीर बताई जा रही है। इस घटना के बाद वकीलों में रोष बना हुआ है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, यह मामला आपसी रंजिश का बताया जा रहा है।
मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, नारनौल के गांव सुरानी का रहने वाला युवक सोनू कोर्ट परिसर में तारीख पर आया हुआ था। जब वह वकीलों के बनाए गए चैंबर से कोर्ट की ओर जाने लगा तो कोर्ट परिसर के अंदर घात लगाए बैठे हमलावरों ने उस पर हमला कर दिया।बताया जा रहा है कि हमलावर युवकों ने सोनू पर चाकू और पेचकस से हमला किया। इसके बाद सोनू गंभीर रूप से घायल हो गया और वहीं जमीन पर गिर गया। हमले के बाद हमलावर युवक वहां से फरार हो गए। इसके बाद मौके पर जमा हुए वकीलों ने घायल युवक सोनू को एंबुलेंस में डालकर निजी अस्पताल पहुंचाया। वहां से सोनू की गंभीर हालत को देखते हुए उसे हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया। नारनौल बार एसोसिएशन के प्रधान मंजीत यादव ने बताया है कि करीब 12 बजे के आसपास यह घटना हुई है। यह कहीं न कहीं पुलिस की असफलता है। बार एसोसिएशन में भी कुछ अनियमितताएं हो सकती हैं। घटना में यदि किसी वकील या सदस्य का हाथ पाया गया तो इस पर कार्रवाई की जाएगी।उन्होंने कहा कि ये गैंगस्टर टाइप के जो लोग होते हैं, इनके आपस में ही झगड़े चलते रहते हैं। इनमें किसी पुलिस वाले या किसी जिम्मेदार नागरिक का कोई हाथ नहीं होता है। फिर भी पुलिस प्रशासन इसकी जांच कर सच्चाई का पता लगाएगा।
वहीं, घायल सोनू के वकील अजय चौधरी ने बताया है कि यह मामला अटेली थाने से संबंधित है। दो पक्षों ने एक-दूसरे पर क्रॉस केस कर रखा है। आज दोनों पक्षों के आरोपी और गवाह कोर्ट में सुनवाई के लिए आए थे। उस समय कोर्ट में किसी दूसरे केस की सुनवाई चल रही थी।इसी दौरान दोनों पक्षों के आरोपी आपस में भिड़ गए। एक पक्ष के आरोपी अटेली के गांव सैदापुर के बताए जा रहे हैं। उन्होंने सोनू पर चाकुओं से हमला किया है। उसकी हालत अब गंभीर है। मैं पूछना चाहता हूं कि जब कोर्ट में आदमी सुरक्षित नहीं है तो आम आदमी का बाहर क्या हाल होगा? इस घटना के बाद वकीलों ने मौके पर भारी रोष जताया। उन्होंने स्थानीय प्रशासन और प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वकीलों का कहना था कि कोर्ट परिसर में भी कोई सुरक्षित नहीं है। यहां कई बार ऐसी घटनाएं हो चुकी हैं। पहले भी हो चुके कोर्ट परिसर में हमले नारनौल कोर्ट परिसर में पहले भी कई बार हमले हो चुके हैं। एक बार यहां 2 गुटों में जमकर लड़ाई हुई थी। उसमें कई लोगों को गंभीर चोटें आई थीं। यह घटना करीब 4 महीने पहले की है जब गांव सेका और मांदी से 2 गुट कोर्ट में तारीख के लिए आए थे। इसी दौरान जजों के रूम के बाहर दोनों गुटों में हिंसक झड़प हो गई। गैलरी से गुजरते एक युवक ने पास से गुजरते दूसरे गुट के युवक को कंधा मारा था। इसके बाद दोनों तरफ के युवाओं में घमासान हो गया था। दोनों तरफ से एक-दूसरे पर जमकर लात घूंसे बरसाए गए। पुलिस की मौजूदगी में यह मारपीट हुई थी। बाद में वकीलों ने बीच-बचाव कराया।







