यमुनानगर | यमुनानगर जिले के कलेशर रेंज में बेखौफ खैर तस्करों ने वन विभाग के कर्मचारियों पर देर रात फायरिंग कर दी और मौके से फरार हो गए। इस घटना के बाद पुलिस पर कार्रवाई को लेकर दबाव बढ़ गया है। फायरिंग के दौरान वन विभाग के कर्मचारी बाल-बाल बच गए। पुलिस ने मौके से कुछ महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद किए हैं, जिनमें एक गोली का खोल, खैर की लकड़ी के टुकड़े, आरा पत्ती और चप्पल शामिल हैं।
खैर तस्करों की फायरिंग से सहमे वन विभाग के कर्मचारी
यह घटना प्रतापनगर के पास स्थित कलेशर रेंज में हुई, जहां देर रात खैर तस्कर लकड़ी काट रहे थे। जब वन विभाग के कर्मचारियों ने उन्हें रोका, तो तस्करों ने फायरिंग शुरू कर दी। वन विभाग के दरोगा संदीप कुमार ने बताया कि अंधेरे में तस्कर हमारे पास आते ही फायरिंग करने लगे। हालांकि, हम बाल-बाल बच गए और उनके पीछा किया, लेकिन वे भागने में सफल हो गए। उन्होंने कहा कि मौके से तीन तस्करों के होने की आशंका है। हमारी शिकायत के बाद, प्रतापनगर थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। मौके से एक गोली का खोल और खैर की लकड़ी के टुकड़े भी बरामद किए गए हैं।
जंगल के रखवाले ने बताया घटना का विवरण
वहीं, जंगल के रखवाले रोशन लाल ने कहा कि जब वे खैर के पेड़ काटते हुए देखे गए, तो उन्हें रोकने पर तस्करों ने फायरिंग कर दी और भाग गए। उन्होंने बताया कि तस्करों ने जंगल से नागल पट्टी की दिशा में भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस को सूचना देने के बाद भी रात के अंधेरे के कारण कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। सुबह, प्रतापनगर थाना प्रभारी सचिन की अगुवाई में पुलिस और वन विभाग की टीम ने घटनास्थल पर जाकर साक्ष्य एकत्र किए।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि जल्द ही इन खैर तस्करों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चलाया जाएगा। इस घटना ने वन विभाग के कर्मचारियों को चिंतित कर दिया है और अब पुलिस पर तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का दबाव है।







