चंडीगढ़ | हरियाणा के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले लाखों बच्चों के लिए एक अच्छी खबर है। अब राज्य के सभी स्कूलों में विद्यार्थियों को हर सप्ताह 6 दिन 200 मिलीलीटर स्किम्ड फ्लेवर्ड दूध उपलब्ध कराया जाएगा। पहले यह सुविधा केवल तीन दिन मिलती थी। इसके अलावा बच्चों को सप्ताह में एक बार पिन्नी और दो दिन प्रोटीन युक्त मिल्क बार भी दिए जाएंगे।
सीएम नायब सैनी ने दी योजना को मंजूरी
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने शिक्षा विभाग के इस प्रस्ताव को मंजूरी दी है। यह कदम बच्चों के पोषण स्तर में सुधार लाने और स्वस्थ शारीरिक विकास को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
665.65 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत
प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना (पूर्व में मिड-डे मील योजना) के तहत राज्य स्तरीय संचालन-सह-निगरानी समिति की बैठक में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 665.65 करोड़ रुपये के बजट को स्वीकृति दी गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने की।
15 लाख से ज्यादा बच्चों को मिलेगा लाभ
इस योजना का लाभ 15 लाख से अधिक छात्रों को मिलेगा, जिनमें बाल वाटिकाओं के 80,862, प्राथमिक विद्यालयों के 8,28,533 और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में पढ़ने वाले 6,38,714 बच्चे शामिल हैं।
स्कूलों में हरी सब्जियों की खेती भी शुरू
स्वास्थ्य विभाग की सिफारिश पर 10,080 स्कूलों में रसोई उद्यानों की शुरुआत की गई है, जहां मेथी, पालक और सरसों जैसी हरी पत्तेदार सब्जियां उगाई जा रही हैं। इसका उद्देश्य बच्चों को आयरन और फाइबर से भरपूर आहार प्रदान करना है।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि योजना को समयबद्ध, प्रभावी और पारदर्शी तरीके से लागू किया जाए ताकि इसका लाभ जरूरतमंद बच्चों तक पूरी तरह पहुंच सके।







