यमुनानगर | गुरुग्राम में मुठभेड़ के दौरान मारे गए कुख्यात गैंगस्टर रोमिल वोहरा का आज सुबह भारी पुलिस बंदोबस्त के बीच अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान जेल में बंद उसके माता-पिता को भी विशेष अनुमति के तहत अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए लाया गया। पिता कपिल वोहरा ने बेटे को मुखाग्नि दी।
‘कोई बेटा गैंगस्टर न बने’ — पिता की भावुक अपील
अंतिम संस्कार के दौरान पिता कपिल वोहरा अपने आंसू नहीं रोक पाए। उन्होंने भावुक होकर कहा, “मैं चाहता हूं कि कोई भी बेटा गैंगस्टर न बने, क्योंकि जैसा हाल हमारा हुआ है, वैसा किसी और मां-बाप का न हो। हमने सब कुछ खो दिया है। अब हमारे पास कुछ नहीं बचा।”
उन्होंने बताया कि आखिरी बार उन्होंने 22 नवंबर को रोमिल से मुलाकात की थी। वह उस समय कॉलेज जा रहा था। वहीं, रोमिल की मां रिशा वोहरा का भी रो-रोकर बुरा हाल था।
आठ संगीन मामलों में था वांछित, मुठभेड़ में ढेर
रोमिल वोहरा पर हत्या, फायरिंग और संगठित अपराध से जुड़े कुल आठ गंभीर मामले दर्ज थे। इनमें खेड़ी लक्खा ट्रिपल मर्डर केस, शांतनु हत्याकांड और बिलासपुर के इमीग्रेशन सेंटर में हुई फायरिंग जैसे संगीन मामले शामिल हैं।
पुलिस उसे लंबे समय से तलाश रही थी। 23 जून को गुरुग्राम में हुई मुठभेड़ में वह मारा गया। पुलिस के अनुसार, मुठभेड़ के दौरान रोमिल ने भागने की कोशिश की थी, लेकिन जवाबी कार्रवाई में ढेर हो गया।







