फरीदाबाद | हरियाणा के फरीदाबाद सेक्टर-12 स्थित शहरी विकास प्राधिकरण के कन्वेंशन सेंटर में आयोजित ग्रीवेंस कमेटी की बैठक से पहले मीडिया कवरेज पर रोक लगा दी गई। यह निर्देश राज्य सरकार के कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह की ओर से आया, जिसके बाद मीडिया प्रतिनिधियों को बैठक कक्ष से बाहर कर दिया गया।
बैठक के बाद मंत्री राव नरबीर सिंह ने इस निर्णय की जिम्मेदारी लेते हुए कहा, “यह अधिकारियों की नहीं, मेरी गलती थी। मैंने ही मीडिया को अंदर न आने देने का निर्देश दिया था और इसके लिए मैं माफी मांगता हूं।
“अन्य जिलों में भी मीडिया अंदर नहीं जाती” : राव नरबीर सिंह
मंत्री ने स्पष्ट किया कि अन्य जिलों की तरह उन्होंने भी फरीदाबाद में बैठक को मीडिया के बिना आयोजित करना उपयुक्त समझा। उन्होंने कहा, “पिछली बैठक में मुझे जानकारी मिली थी कि फरीदाबाद में मीडिया बैठक के दौरान मौजूद रहती है, लेकिन अन्य जिलों में ऐसा नहीं होता। इसलिए मैंने यहां भी मीडिया को बाहर रखने का निर्णय लिया।
उन्होंने आगे कहा कि यह गलती डीपीआर विभाग की थी, जिन्होंने मीडिया को आमंत्रित किया। साथ ही यह भी जोड़ा कि भविष्य में यदि मीडिया को बुलाया जाएगा, तो उनके बैठने की अनुमति होगी, अन्यथा निमंत्रण नहीं भेजा जाएगा।
“मुख्यमंत्री क्या करते हैं, वह उनका निर्णय”—मंत्री का बयान
जब पत्रकारों ने मंत्री से पूछा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के द्वारा आयोजित बैठकों में मीडिया को शामिल होने की अनुमति दी जाती है, तो इस पर प्रतिक्रिया देते हुए राव नरबीर सिंह ने कहा, “मुख्यमंत्री हरियाणा के प्रमुख हैं, वह क्या करते हैं, वह उनका विषय है। लेकिन मेरे जिले में नियम मेरे अनुसार तय होते हैं।
विपक्ष ने जताया विरोध, कांग्रेस विधायक का बयान
बैठक में शामिल पृथला से कांग्रेस विधायक रघुवीर सिंह तेवतिया ने इस घटना की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि “बीजेपी के नेता लोकतंत्र की मूल भावना को कुचल रहे हैं। मीडिया को बैठक से बाहर निकालना सरासर गलत है और इस विषय को विधानसभा में उठाया जाएगा।







