यमुनानगर। हरियाणा के यमुनानगर जिले की होनहार बेटी कशिश कालड़ा ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा में 111वीं रैंक हासिल कर जिले और अपने परिवार का नाम रोशन किया है। उनकी इस शानदार उपलब्धि से परिवार में जश्न का माहौल है और लगातार बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।
कशिश के पिता गुलशन कालड़ा, जो वर्तमान में अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा, पंचकूला में संयुक्त निदेशक के पद पर कार्यरत हैं, ने बताया कि उनकी बेटी ने बचपन से ही IAS बनने का सपना देखा था, जिसे उसने मात्र 23 वर्ष की आयु में पूरा कर दिखाया।
कशिश का यह दूसरा प्रयास था और उन्होंने धैर्य, अनुशासन और मेहनत के बल पर सफलता हासिल की। उनकी मां कविता कालड़ा और पिता गुलशन कालड़ा ने बेटी की इस उपलब्धि पर गर्व जताया है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि और सफलता का सफर
कशिश की प्रारंभिक शिक्षा जगाधरी के सेक्रेड हार्ट कॉन्वेंट स्कूल से हुई, जहां उन्होंने 10वीं तक पढ़ाई की। इसके बाद वह दिल्ली चली गईं और वहां दिल्ली पब्लिक स्कूल, आरके पुरम से 12वीं की शिक्षा प्राप्त की। उन्होंने स्नातक की पढ़ाई लेडी श्रीराम कॉलेज फॉर वूमेन, दिल्ली विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में ऑनर्स के साथ पूरी की।
कशिश की सफलता इस बात का प्रमाण है कि अगर सही मार्गदर्शन, परिश्रम और आत्मविश्वास हो, तो कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं होता।
परिवार का कहना है कि कशिश ने सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखी और पूरी लगन से परीक्षा की तैयारी की। उनकी सफलता ने यह साबित कर दिया है कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।
समाज को मिला प्रेरणास्रोत
कशिश की इस उपलब्धि ने न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे जिले को गर्व की अनुभूति कराई है। अब वह युवाओं के लिए एक प्रेरणास्रोत बन चुकी हैं।







