Home Haryana केंद्रीय मंत्री ने हरियाणा में ऊर्जा व शहरी स्थानीय निकाय विभाग...

केंद्रीय मंत्री ने हरियाणा में ऊर्जा व शहरी स्थानीय निकाय विभाग के अधिकारियों के साथ की बैठक

131
0
हरियाणा , 08 नवंबर –केंद्रीय  मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि हरियाणा की ऊर्जा नीति की देशभर में सराहना हो रही है। लाइन लॉस को कम करने के लिए राज्य सरकार द्वारा जो कदम उठाए गए हैं, उनका परिणाम है कि वर्ष 2014 में हरियाणा में लाइन लॉस 34 प्रतिशत थे, वो आज घटकर 10 प्रतिशत रह गए हैं। हरियाणा के सभी बिजली निगम A+ रेटिंग में हैं.केंद्रीय ऊर्जा और आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल ने शुक्रवार को हरियाणा सिविल सचिवालय, चंडीगढ़ में ऊर्जा और शहरी स्थानीय निकाय विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करने के उपरांत मीडिया से बातचीत की।
हरियाणा को शत-प्रतिशत बिजली आपूर्ति करने का भरोसा 
 केंद्रीय  मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि सभी राज्यों के साथ  दोनों विभागों की योजनाओं के संबंध में बैठकें की जा रही हैं। इसी कड़ी में आज हरियाणा के साथ बैठकें हुई हैं। दोनों विभागों की चालू परियोजनाओं तथा नई योजनाओं के संबंध में चर्चा की गई है। उन्होंने कहा कि बैठक के दौरान बिजली की वर्तमान व भविष्य की आवश्यकता, ट्रांसमिशन लाइनों की सुदृढ़ता के लिए आरआरडीएस जैसे विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई।आज की बैठक के दौरान इस विषय पर भी चर्चा की गई है कि हरियाणा की बिजली कंपनियों को पब्लिक लिस्टिंग में लाया जा सकता है। यदि भविष्य में ऐसा होता है तो ये अन्य राज्यों के लिए भी मार्गदर्शक विषय होगा। उन्होंने कहा कि प्रीपेड मीटर योजना के लिए केंद्र सरकार द्वारा ग्रांट दी जाती है। सबसे पहले प्रीपेड मीटर सरकारी कार्यालयों में लगाए जाएंगे। इनकी सफलता मिलने के बाद इसे व्यापक स्तर पर चरणबद्ध तरीके से क्रियान्वित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हरियाणा में आगामी गर्मी के दौरान बिजली की मांग 14662 मेगावाट रहने की संभावना है, जिसको केंद्र सरकार द्वारा शत-प्रतिशत बिजली आपूर्ति करने का भरोसा हरियाणा को दिया है। उन्होंने कहा कि सौर ऊर्जा को लेकर भी कई पहलुओं पर बातचीत हुई है। हरियाणा में जमीन आसानी से उपलब्ध नहीं होती, इसलिए रूफ टापॅ नीति को आगे बढ़ाने पर विचार किया जाएगा। हर प्रदेश की परिस्थितियां अलग हैं। हिमाचल में हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं। वहीं, हरियाणा, पंजाब थर्मल पावर प्लांट पर निर्भर हैं।
अंबाला छावनी और यमुनानगर- जगाधरी सहित बड़े शहरों में मेट्रो की मांग पर होगा विचार 
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बैठक में शहरी विकास की योजनाओं पर भी मंथन किया गया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पहले 1 करोड़ घर प्रदान किए गए थे। अब भी इस योजना के तहत 1  करोड़ घर का लक्ष्य रखा गया है। एसईसीसी डाटा के अनुसार योग्य लाभार्थियों को लाभ मिलेगा। साथ ही, नये लाभार्थियों के लिए भी सर्वेक्षण करवाया जाएगा, ताकि कोई भी पात्र लाभार्थी सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने से वंचित न रह जाए। उन्होंने कहा कि जिन शहरों में पहले से मेट्रो चल रही हैं, वहां मेट्रो के विस्तार की सरकार की प्राथमिकता है। हालांकि, अंबाला शहर, अंबाला छावनी और यमुनानगर- जगाधरी सहित बड़े शहरों में मेट्रो की मांग आई है, इस पर भी विचार किया जाएगा। इसके अलावा, शहरी परिवहन को सुदृढ़ करने के लिए पीएम ई-बस सेवा के तहत 450 नई बसें शामिल की जाएंगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here