Home Haryana 6 साल से पराली प्रबंधन कर किसानों के लिए मिसाल बना गांव...

6 साल से पराली प्रबंधन कर किसानों के लिए मिसाल बना गांव बकाना का प्रगतिशील किसान राजेश

159
0
यमुनानगर, 08 नवंबर-बढ़ते प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट कई बार पंजाब और हरियाणा सरकार को फटकार लगा चुका है। जिसके बाद प्रदेश सरकार भी पराली जलाने के मामलों पर लगातार सख्त है। वही दूसरी तरफ रादौर के गांव बकाना का प्रगतिशील किसान राजेश सैनी पिछले छह साल से पराली प्रबंधन कर किसानों के लिए मिसाल पेश कर रहा है।
पराली को खेत में ही मिलाने से हुई पैदावार में बढ़ोतरी 
 राजेश का कहना है कि पराली को खेतों में ही मिलाने से जहां पैदावार में बढ़ोतरी हुई है, वही खाद पर लगने वाला अतिरिक्त खर्च भी करना पड़ता है।किसान राजेश सैनी ने बताया कि वह 2019 से पराली प्रबंधन कर रहे है। जिससे फसल में खाद की लागत भी काम आती है, वही पैदावार में भी बढ़ोतरी हुई है। राजेश ने बताया कि खेत को तैयार करने के बाद न केवल गेहूँ या धान, बल्कि अन्य फसल लगाने पर भी अच्छा रिजल्ट देखने को मिल रहा है। उन्होंने किसानों से अपील करते हुए कहा कि किसान भाई एक बार पराली को खेत में ही मिलाकर फसल लगाकर देखे की उन्हें इसका कितना फायदा मिलता है।वहीं किसान राजेश ने प्रदेश सरकार से पराली प्रबंधन करने वाले किसानों को दी जाने वाले एक हजार रुपए प्रति एकड़ की राशि में इजाफा करने की मांग की है, ताकि किसानों को पराली को खेतों में मिलाने पर आने वाले अतिरिक्त खर्च की कुछ भरपाई हो सके।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here