कुरुक्षेत्र, 26 अक्टूबर : हरियाणवी लोक संस्कृति के प्रचार प्रसार के लिए रत्नावली संस्कृति कुंभ आज से शुरू हुआ. प्रदेश की लोक संस्कृति को सहेज कर रखने वाले चार दिवसीय रत्नावली समारोह में 6 मंचों पर करीब 3000 कलाकार 34 लोक विधाओं की प्रस्तुति करेंगे। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय का युवा एवं सांस्कृतिक विभाग रत्नावली समारोह का बना साक्षी।
एनआईटी कुरुक्षेत्र निदेशक प्रो. बीवी रमन्ना रेड्डी ने किया शुभारम्भ उनके साथ कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा भी रहेंगे मौजूद। हरियाणा के लोक कलाकारों ने मचाई धूम.हरियाणवी लोक संस्कृति के प्रचार प्रसार के लिए रत्नावली संस्कृति कुंभ का आयोजन आज से शुरू हो गया. दरअसल प्रदेश की लोक संस्कृति को सहेज कर रखने वाले चार दिवसीय रत्नावली समारोह में 6 मंचों पर करीब 3000 कलाकार 34 लोक विधाओं की प्रस्तुति अलग अलग दिनों में करेंगे.
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति सोमनाथ सचदेवा ने बताय की रत्नावली हरियाणवी संस्कृति के महाकुंभ में हरियाणा प्रदेश की उन लोक विधाओं की प्रस्तुति भी चर्चा का विषय रहती है जो लोग विधाएं लुप्तप्राय हो गई थी साथ ही हरियाणवी लोकगीत हरियाणवी लोक संगीत हरियाणवी हरियाणवी लोक वाद्य यंत्र के दर्शन युवा पीढ़ी बखूबी कर पाती है आज रत्नावली समारोह के शुभारंभ अवसर पर राष्ट्रपति अवार्डी प्रेम देहाती के अलावा ने अपनी कला का मंचन भी किया.







