चंडीगढ़ (अंकुर कपूर): हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने सूरजमुखी किसानों को बड़ी राहत दी। बता दें कि शनिवार को चंडीगढ़ में 36414 एकड़ के लिए 8528 किसानों को अंतरिम भावांतर भरपाई राशि के रूप में 29 करोड़ 13 लाख 12 हजार रुपए की राशि डिजीटल माध्यम से सीधे किसानों के खातों में भेजी। उन्होंने पत्रकारवार्ता को सम्बोधित करते हुए स्पष्ट किया कि सूरजमुखी किसानों के लिए सरकार सकारात्मक निर्णय लेगी। बाजार मूल्य के बारे में एक विस्तृत अध्ययन चल रहा है और एक बार यह प्रक्रिया पूरी हो जाने के बाद हम एक महत्वपूर्ण घोषणा करेंगे।

उन्होंने कड़ा संदेश दिया कि कुछ लोग यह दावा कर किसानों में भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं कि सरकार को किसानों की परवाह नहीं है, यह सरासर गलत है। हमारी सरकार निरंतर किसानों के साथ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जिस तरह की किसान हितैषी नीतियां शुरू की हैं और जो वित्तीय सहायता हम दे रहे हैं। हर साल एमएसपी बढ़ाना इस बात का स्पष्ट संकेत है कि केंद्र सरकार किसान हितैषी है।
उन्होंने कहा कि पहली बार सूरजमुखी की फसल की खरीद हमारी सरकार ने ही शुरू की थी। पिछले 5 वर्षों से सरकार सूरजमुखी की खरीद कर रही है। वर्तमान में, हरियाणा में सूरजमुखी की खरीद 4800 रुपये प्रति क्विंटल पर की जा रही है, जबकि पंजाब में 4000-4200 रुपये में खरीद हो रही है। इसलिए हमें संदेह है कि पंजाब से भी हमारी मंडियों में फसल आ सकती है।मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले पोर्टल पर किसानों ने सूरजमुखी की फसल के लिए 40 हजार एकड़ क्षेत्र को पंजीकृत किया था।
मुख्यमंत्री ने किसानों से अपील करते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक लोग व किसान संगठन किसान शब्द को लेकर राजनीति कर रहे हैं और किसानों को बदनाम करने का काम कर रहे हैं। इसलिए किसान ऐसे लोगों के बहकावे में न आएं। उन्होंने कहा कि राजमार्गों को अवरुद्ध करना किसी बात का समाधान नहीं है।







