अंबाला (अंकुर कपूर): हरियाणा के गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने बिहार के शिक्षा मंत्री के बयान पर जमकर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं लगता मंत्री महोदय ने रामचरितमानस पढ़ा भी है या नहीं।
बता दें कि बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर ने रामचरितमानस पर विवादित बयान देकर अपने आप को कटघरे में खड़ा कर लिया। उनके बयान की पूरे देश में चारों तरफ आलोचना हो रही है। अनिल विज ने भी उनके बयान पर जबरदस्त पलटवार करते हुए कहा कि मंत्री महोदय ने मुझे नहीं लगता रामचरितमानस को पढ़ा है। अगर पड़ा है तो उनके बयान से ऐसा लगता है कि उनकी इतनी बुद्धि नहीं है कि वह इसको समझ सके।
उन्होंने कहा कि यह देश राम का है और ‘जो नहीं राम का वह नहीं किसी काम का’। उन्होंने कहा कि इस तरह के बयान देकर देश में वैमनस्य (नफरत) ना फैलाएं। उन्होंने कहा कि इस देश की जनता सुबह उठकर राम-राम करती है। शाम को राम-राम करती है दिन में राम-राम करती है गांव में राम-राम करती है शहर में राम राम करती है। उन्होंने कहा कि इस देश के लोगों के रोम रोम में राम बसा है। उन्होंने कहा कि उसके ऊपर कोई भी प्रश्न चिन्ह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
ओवैसी ने मोहन भागवत के बयान पर बयान बाजी की थी जिसको लेकर विज ने अपनी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि रहो ना इकट्ठे कौन मना करता है फिर उछल कूद क्यों कर रहे हो। उन्होंने कहा कि मोहन भागवत जी ने तो यही कहा है कि सबको रहने का अधिकार है आप भी रहे जाओ। इसलिए हम तो कहते हैं कि जल्दी से जल्दी कॉमन सिविल कोड भी लाएं और मैं इनको कहूंगा कि कॉमन सिविल कोर्ट का भी समर्थन करे विज ने कहा कि देश में सब बराबर होने चाहिए किसी को कोई विशेष अधिकार ने हो।
हरियाणा के 5 जिलों में लगातार घटते लिंगानुपात पर गृह मंत्री अनिल विज ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि मैंने सब की मीटिंग ले ली है। हरियाणा प्रदेश में उन सभी की चेकिंग की जाएगी वह मैंने काम शुरु करवा दिया है और यह जो बॉर्डरिंग जिले है, वहां पर अल्ट्रासाउंड की दुकानें खुली हुई है और वहां से खतरा ज्यादा होता है। वहां के मुख्यमंत्री को भी लिखेंगे कि वहां पर एक एक गली में 10-10 अल्ट्रासाउंड सेंटर क्या कर रहे हैं।







