Home Haryana दिसंबर की कड़ाके की ठंड में गरजेंगे मिनिस्ट्रियल स्टाफ कर्मचारी, सरकार को...

दिसंबर की कड़ाके की ठंड में गरजेंगे मिनिस्ट्रियल स्टाफ कर्मचारी, सरकार को भुगतना होगा खमियाजा

167
0

भिवानी (अंकुर कपूर): दिसंबर के महीने में जहां एक ओर कड़ाके की ठंड होगी वही लिपिक वर्गीय कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर गरजेंगे। कर्मचारियों का कहना है कि वे शिक्षा मंत्री के साथ बैठक कर चुके है। 9 मांगे शिक्षा मंत्री ने मान ली थी बावजूद इसके आज तक अधिकारियों ने पत्र जारी नहीं किया है। जिसका खमियाजा सरकार को भुगतना होगा। दिसम्बर के महीने में कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर प्रदेश के सभी विधायकों को अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन भी सोपेंगे और फिर एक बड़े आंदोलन को छेड़ेंगे।

शिक्षा विभाग के लिपिक वर्गीय कर्मचारियों के राज्य प्रधान सन्दीप सांगवान ने प्रेस वार्ता कर यह बयान दिया। उनका कहना है कि लिपिक वर्गीय कर्मचारियों का वेतन कम है 35400 से उनका वेतन शुरू हो, कर्मचारियों का ड्यूटी चार्ट, केपट पोस्टो को खोल कर दूरदराज उनके साथियों को नजदीक समायोजित किए जाने, सहायक के पदों 20 प्रतिशत प्रमोशनल पदों पर सेवा नियम में संशोधन, डीईओ पलवल कार्यालय में अन्य जिलों की तरह पद स्वीकृति किए जाने, चुनाव कार्यो को छोड़कर अन्य किसी विभाग में ड्यूटी ना लगाने की मांग को लेकर शिक्षा मंत्री के साथ बैठक हुई थी।

बैठक के तीन महीने बीत जाने के बावजूद भी अभी तक कोई पत्र जारी नहीं हुआ है। जबकि शिक्षा मंत्री ने 9 मुद्दों पर सहमति दी थी। सांगवान ने बताया कि इस बीच ने निदेशक के कार्यालय पर दो बार प्रदर्शन कर चुके हैं। उन्हें बार बार कोरे आश्वासन दिए जाते हैं। अब उन्होंने आपातकालीन बैठक करके निर्णय लिया है कि सभी विधायकों को दिसम्बर व जनवरी महीने से ज्ञापन सोपेंगे। जिसके लिए हर कमिश्नरी स्तर पर शेड्यूल जारी कर दिया है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here