बलिन्द्र कुमार , कैथल | हरियाणा के कैथल जिले में बढ़ती गर्मी और संभावित पेयजल संकट को देखते हुए जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर नजर आ रहा है। विभाग की ओर से शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं।
इस संबंध में कैथल जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता अभिषेक ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले में गर्मियों के दौरान पानी की किल्लत न हो, इसके लिए विभाग लगातार तेजी से काम कर रहा है। उन्होंने बताया कि विभाग के पास करीब 40 दिन का पानी स्टोरेज क्षमता वाले वाटरवर्क्स मौजूद हैं, जिनमें सिरसा ब्रांच से पानी की सप्लाई की जाती है। सभी वाटरवर्क्स को पूरी क्षमता तक भरवा दिया गया है, ताकि आने वाले दिनों में लोगों को पानी की समस्या का सामना न करना पड़े।
कार्यकारी अभियंता अभिषेक ने बताया कि जिले में कई स्थानों पर ट्यूबवेल की संख्या बढ़ाई गई है और पानी का पर्याप्त दबाव बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही पाइपलाइन लीकेज को ठीक करने और खराब जलापूर्ति व्यवस्था को सुधारने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि गर्मियों के मौसम में दूषित पेयजल से बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए विभाग लीकेज और दूषित पानी की शिकायतों पर प्राथमिकता से कार्रवाई कर रहा है।
विभाग की ओर से उपभोक्ताओं के लिए ऑनलाइन और टोल-फ्री शिकायत सुविधा भी उपलब्ध करवाई गई है। किसी भी क्षेत्र में पानी की समस्या आने पर लोग तुरंत शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जिस पर विभाग की टीम त्वरित कार्रवाई कर रही है।
ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष रूप से पुरानी पाइपलाइनों की मरम्मत और पानी की बर्बादी रोकने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। विभाग का दावा है कि इस बार गर्मियों में जिले में पेयजल आपूर्ति को लेकर व्यापक स्तर पर तैयारी की गई है, ताकि लोगों को राहत मिल सके।







