फरीदाबाद। हरियाणा के फरीदाबाद जिले में बिजली करंट से जुड़े दो अलग-अलग हादसों में तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। इनमें सेक्टर-14 में सीवर पाइपलाइन का कार्य कर रहे दो श्रमिकों की करंट लगने से जान चली गई, जबकि मच्छगर गांव में पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने आई एक छात्रा की कपड़े प्रेस करते समय करंट की चपेट में आने से मौत हो गई। पुलिस ने तीनों शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और मामलों की जांच शुरू कर दी है।
पहला हादसा सेक्टर-14 स्थित एक मकान के बाहर हुआ, जहां सीवर पाइपलाइन जोड़ने के लिए खुदाई का कार्य चल रहा था। बताया जा रहा है कि खुदाई के दौरान इस्तेमाल किया जा रहा औजार जमीन के नीचे से गुजर रही हाई-टेंशन बिजली की केबल से टकरा गया। इसके बाद तेज करंट फैल गया और वहां काम कर रहे दो मजदूर इसकी चपेट में आ गए। करंट का झटका इतना तेज था कि दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान बिहार निवासी मनीष (55) और शहंशाह (29) के रूप में हुई है, जो फरीदाबाद में किराए पर रहकर मजदूरी करते थे।
घटना के बाद साथी मजदूरों ने मकान मालिक पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि जमीन के नीचे बिजली की लाइन होने की जानकारी पहले से थी, लेकिन उन्हें इसके बारे में आगाह नहीं किया गया। यदि समय रहते सावधानी बरती जाती तो हादसे को रोका जा सकता था। पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर मकान मालिक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दूसरी घटना मच्छगर गांव में सामने आई। दिल्ली निवासी 20 वर्षीय तान्या अपने ननिहाल में मामा की पुण्यतिथि कार्यक्रम में शामिल होने आई हुई थी। सुबह के समय परिवार के अन्य सदस्य कार्यक्रम की तैयारियों में व्यस्त थे, जबकि तान्या कमरे में कपड़े प्रेस कर रही थी। इसी दौरान प्रेस में अचानक करंट उतर आया और वह उसकी चपेट में आ गई। चीख सुनकर परिजन कमरे में पहुंचे तो तान्या अचेत अवस्था में मिली। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार दोनों मामलों की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। एक ही दिन में करंट से तीन लोगों की मौत के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है और लोगों ने बिजली सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए हैं।







