कैथल, 22 मार्च-बाल भिक्षावृत्ति रोकने के लिए विशेष टीम ने कैथल जिले के कलायत में छापेमारी की। जिला बाल संरक्षण अधिकारी प्रदीप कुंडू के निर्देश पर टीम ने अलग-अलग इलाकों से 6 बच्चों को रेस्क्यू किया।सभी को पुनर्वास के लिए बाल कल्याण समिति के सामने पेश किया गया।प्रदीप कुंडू ने बताया कि जिले में बाल भिक्षावृत्ति रोकने के लिए विशेष टीम बनाई गई है। यह टीम पुलिस विभाग और गैर सरकारी संस्था एमडीडी ऑफ इंडिया के सहयोग से लगातार छापेमारी कर रही है।
माता-पिता बच्चों से भीख मंगवाते हैं या इसके लिए उकसाते हैं तो होगी ये सजा
जिले में बाल भिक्षावृत्ति रोकने के लिए विशेष टीम बनाई गई है। यह टीम पुलिस विभाग और गैर सरकारी संस्था एमडीडी ऑफ इंडिया के सहयोग से लगातार छापेमारी कर रही है। भिक्षावृत्ति में संलिप्त बच्चों को बचाकर उन्हें पुनर्वास दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अगर कोई व्यक्ति या माता-पिता बच्चों से भीख मंगवाते हैं या इसके लिए उकसाते हैं तो उन्हें 5 साल की सजा और एक लाख रुपए जुर्माने का प्रावधान है। उन्होंने लोगों से अपील की कि अगर कोई बच्चा भीख मांगता दिखे तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर सूचना दें। यह टोल फ्री नंबर है और सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाती है। यह अभियान अब नियमित रूप से जारी रहेगा। छापेमारी के दौरान टीम में लेबर विभाग इंस्पेक्टर अशोक कुमार, क्राइम ब्रांच से एसआई मदनलाल, सीडब्ल्यूसी मेंबर कृष्ण लाल, एमडीडी संस्था के जिला संयोजक अशोक कुमार और पुलिस कर्मचारी मौजूद रहे। इस अभियान को सफल बनाने में एमडीडी ऑफ इंडिया और पुलिस विभाग की अहम भूमिका रही।







