करनाल (अंकुर कपूर): करनाल में भारतीय किसान यूनियन टिकैत द्वारा सड़कों पर उतरकर जोरदार तरीके से ‘थाली बजाओ’ प्रदर्शन किया गया। बता दें कि किसान प्रदर्शन करते हुए डीसी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन देने पहुंचे, लेकिन डीसी ज्ञापन लेने नहीं आए। जिससे किसान गुस्साकर लघु सचिवालय में बैठकर शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। किसानों ने कहा कि सरकार उनको मुआवजा देना ही नहीं चाहती। पोर्टल ओर मुआवजा के बीच में क्षतिपूर्ति पोर्टल को खड़ा कर दिया हैं।

किसानों को भूखा मरने से बचाने के लिए भाकियू बहस्पतिवार को किसान खेती बचाओ आंदोलन कर रही हैं। भाकियू प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि प्रदेश में बरसात-ओलावृष्टि से फसलें बर्बाद हो चुकी हैं। सरकार पोर्टल लेकर आ गई, पोर्टल से किसान का पेट न तो भरा है ओर न ही भरेगा। किसान पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करेगा, 2 दिन में रिपोर्ट जाएगी। लेकिन इसी बीच खेत से फसल कट जाएगी। पोर्टल का क्या फायदा।
उन्होंने कहा कि सरकार पंजाब सरकार की तर्ज पर गिरदावरी करवाकर मुआवजा जारी करें। सरकार किसानों को प्रति एकड़ 25 हजार मुआवजा जारी करें ताकि किसान कर्ज के बोझ तले न दबे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन करते हुए लघु सचिवालय जाकर डीसी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौपेंगे। किसान तो ढलों पर बैठकर खाना खा लेते हैं, हम तो विनती करने के लिए आए हैं। खेतों का बुरा हाल हो चुका हैं, अधिकारी खेतों में जाकर सर्वें करें। उन्होंने कहा कि डीसी के पास आए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगों को नहीं सुना जाता तब तक आंदोलन जारी रहेगा।







