चंडीगढ़ | हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा तथा इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला के बीच चल रही राजनीतिक बयानबाजी अब कानूनी लड़ाई का रूप लेती नजर आ रही है। हुड्डा ने चौटाला के बयानों को लेकर उनके खिलाफ मानहानि और आपराधिक मुकदमा दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है। वहीं, चौटाला ने भी पलटवार करते हुए कहा कि हुड्डा चाहें तो कानूनी नोटिस भेज दें, इसके बाद वह जवाब देंगे।
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि उन्होंने मीडिया में अभय चौटाला की ओर से दिए गए बयान को देखा है। उन्होंने आरोप लगाया कि चौटाला ने उनके बारे में ऐसी बातें कही हैं जो पूरी तरह गलत हैं। हुड्डा ने कहा कि वह इस मामले को सिविल और क्रिमिनल कोर्ट तक ले जाएंगे और अपने वकीलों को आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दे दिए हैं।
दरअसल, अभय चौटाला ने आरोप लगाया था कि हुड्डा अपने खिलाफ दर्ज मामलों के चलते केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ मिलकर भाजपा के लिए काम कर रहे हैं। चौटाला के इन आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए हुड्डा ने कहा कि उनके खिलाफ लगाए गए आरोप निराधार हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि न तो उन्होंने अमित शाह से मुलाकात की है और न ही किसी निजी कंपनी के साथ उनकी बताई गई किसी तरह की साझेदारी है।
हुड्डा ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में किसी व्यक्ति के खिलाफ तथ्यहीन आरोप लगाना गंभीर विषय है और वह ऐसे आरोपों को चुपचाप स्वीकार नहीं करेंगे। उन्होंने संकेत दिया कि कानूनी नोटिस के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, पानीपत के इसराना में एक कार्यक्रम के दौरान अभय चौटाला से जब हुड्डा की कानूनी कार्रवाई को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने बेफिक्र अंदाज में जवाब दिया। चौटाला ने कहा कि हुड्डा को जो करना है, करें और कानूनी नोटिस भेजें, इसके बाद वह भी अपना पक्ष रखेंगे। इस दौरान उन्होंने प्रदेश सरकार पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि हरियाणा में भ्रष्टाचार लगातार बढ़ रहा है।
अभय चौटाला ने कहा कि कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर लगातार धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं और सरकारी कार्यालयों में भ्रष्टाचार की शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से 27 सितंबर को नूंह में प्रस्तावित ताऊ देवीलाल सम्मान दिवस की तैयारियों में जुटने का आह्वान किया और कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए जिम्मेदारियां भी सौंपीं।
इस राजनीतिक विवाद के बीच हुड्डा ने वंदे मातरम् के दो अंतरों को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की कांग्रेस पर की गई टिप्पणी पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को देशभक्ति का प्रमाणपत्र किसी से लेने की जरूरत नहीं है। हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं ने देश के लिए संघर्ष किया और जेल भी गए हैं।







