पलवल, 6 अगस्त-डॉ भीम राव आंबेडकर राजकीय महाविद्यालय की महिला अध्यापिकाओं और छात्राओं ने महाविद्यालय के प्रिंसिपल पर गंभीर आरोप लगाए है. जिसकी शिकायत भी पीड़ितों द्वारा स्थानीय थाना से लेकर उच्च स्तर तक दी है, लेकिन कोई सुनवाई न होने से पीड़िताओं में रोष है। एक महिला टीचर ने लिखित शिकायत के माध्यम से आरोप लगाए है की कॉलेज का प्रिंसिपल गलत नियत से उन्हें बार बार अपने कार्यालय में बुलाता है और अपने कार्यालय का बाथरूम यूज़ करने का दबाव बनाता है । इतना ही नहीं महिला टीचरों का आरोप है की प्रिंसिपल बाबूलाल इससे पहले भी एक महिला सफाई कर्मचारी के साथ छेड़छाड़ और जबरन दु*ष्कर्म की कोशिश कर चुका है,जिससे तंग आकर महिला कर्मी ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्मह*त्या की कोशिश की थी.जिसमें पुलिस ने केस भी दर्ज किया था।
अ*भद्र व्यवहार व् गंदी भाषा का प्रिंसिपल करता था
प्रयोग
महिला प्रवक्ताओं का कहना है की उन्होंने इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी है,लेकिन काफी समय बीतने के बाद भी न तो कोई कार्यवाही अभितक अमल में लाई गई है न ही मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की जानकारी देते हुए महिला टीचरों ने बताया की पिछले लम्बे समय से महाविद्यालय के कार्यवाहक प्राचार्य बाबूलाल शर्मा द्वारा एक महिला प्रवक्ता से गलत व् अनैतिक व्यवहार कर रहा था. जिससे पीड़ित महिला अध्यापिका परेशान व् भयभीत है। जिसकी शिकायत महिला अध्यापिका ने विभागीय उच्च अधिकारिओं व् पुलिस प्रशाशन और अन्य स्थानों पर दी है, लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हो रही बल्कि उल्टा और राजीनामा का दबाव बनाया जा रहा है।
शिकायत के माध्यम से महिला अध्यापिका का कहना है की प्राचार्य बार बार अपने कार्यालय में बुलाकर चाय का प्रस्ताव देते हैं और उन्हें इमोशनल बातों में फंसाने की कोशिश करते है व् अन्य महिला टीचरों पर चरित्र हीनता के आरोप लगाकर मेरे साथ गलत काम करने की नियत रखते है। बिना किसी आधिकारिक कार्य के मुझे अपने कार्यलय में घंटों बैठाकर अ*भद्र व्यवहार व् गंदी भाषा का प्रयोग करते है।
पूर्व महिला सफाई कर्मचारी ने बताई आप बीती
वहीँ एक पूर्व महिला सफाई कर्मचारी ने बताया की वह लम्बे समय से कॉलेज में अस्थाई सफाई कर्मी के तौर पर कार्यरत थी. जनवरी 2021 में मुझे प्रिंसिपल बाबूलाल ने अपने कार्यालय में बुलाया और कहा की तुझे पक्की नौकरी दिला दूंगा तू मेरे साथ शा*रीरिक सं*बंध बना ले लेकिन मैंने मना कर दिया. फिर कुछ दिन बाद उसने मुझे दोबारा अपने कार्यालय में बुलाकर वही बात कही, मेरे विरोध करने पर वो मुझे गालियां देते हुए जबरन बाथरूम में ले गया और छेड़छाड़ करने लगा, लेकिन वो शोर मचाकर उसके चंगुल से छूट कर वहां से भाग गई। और फिर कई दिन तक वो कॉलेज नहीं आई फिर प्रिंसिपल ने जरुरी काम बताकर फोन करके कॉलेज बुला लिया और मुझे एक कमरे की चाबी देकर उसकी सफाई करने को कहा और जब में उस कमरे में चली गई तो पीछे से आकर मेरे साथ जबरदस्ती दु*ष्कर्म की कोशिश की। जिसके चलते मैंने चूहा मारने की दवाई खाली उसके बाद पुलिस ने प्रिंसिपल के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। उसके बाद उनपर विभागीय उच्च अधिकारीयों ने राजीनामा का बहुत दबाव बनाया.







