Home Haryana रेवाड़ी में मनोज हत्याकांड के दो मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में घायल,...

रेवाड़ी में मनोज हत्याकांड के दो मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में घायल, गिरफ्तार

17
0

रेवाड़ी। गांव गोकलगढ़ में मनोज उर्फ गोलू की हत्या के मामले में फरार चल रहे दो मुख्य आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। गोकलगढ़ बाईपास पर रेलवे फ्लाईओवर के नीचे हुई मुठभेड़ के दौरान दोनों आरोपियों के पैरों में गोली लगी। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर करीब पांच राउंड फायरिंग की थी। जवाबी कार्रवाई में दोनों घायल हो गए। इस दौरान एक गोली एएसआई सुनील कुमार की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी, जबकि दो गोलियां निरीक्षकों के कान के पास से होकर निकल गईं। पुलिस ने मौके से एक देशी पिस्टल और एक देशी कट्टा भी बरामद किया है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गांव गोकलगढ़ निवासी मनिंदर उर्फ बुटर और हन्नी के रूप में हुई है। दोनों थाना सदर में दर्ज मनोज उर्फ गोलू हत्याकांड में मुख्य वांछित थे। डीएसपी बावल सज्जन सिंह ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि दोनों आरोपी अवैध हथियारों के साथ गोकलगढ़ बाईपास पर मौजूद हैं। यह भी जानकारी मिली थी कि वे यशपाल और अभिषेक की हत्या करने की योजना बना रहे हैं।

सूचना के आधार पर रात करीब 1:50 बजे सीआईए रेवाड़ी और सीआईए धारूहेड़ा की संयुक्त टीम ने कार्रवाई शुरू की। सीआईए रेवाड़ी प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार के नेतृत्व में गठित टीम में एसआई देवेंद्र कुमार, एएसआई अक्षय कुमार, एएसआई सुनील कुमार, हेड कांस्टेबल जितेंद्र और चालक ईएचसी अजय कुमार शामिल थे। बाद में सीआईए धारूहेड़ा प्रभारी निरीक्षक योगेश हुड्डा भी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों टीमों ने गोकलगढ़ बाईपास टी-प्वाइंट और रेलवे फ्लाईओवर के नीचे नाकाबंदी कर दी।

पुलिस के मुताबिक, फ्लाईओवर के नीचे दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस वाहनों की लाइट पड़ते ही दोनों भागकर पिलर की ओर जाने लगे। पुलिसकर्मियों ने उन्हें घेरकर आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। आरोपियों की ओर से करीब पांच राउंड गोलियां चलाई गईं। इस दौरान एक गोली एएसआई सुनील कुमार की छाती पर पहनी बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी। वहीं, एक गोली निरीक्षक योगेश हुड्डा और दूसरी निरीक्षक संजय कुमार के कान के पास से निकल गई।

पुलिस के अनुसार, आरोपियों को बार-बार हथियार डालने के लिए कहा गया, लेकिन उन्होंने फायरिंग जारी रखी। पुलिसकर्मियों की जान को खतरा देखते हुए दोनों निरीक्षकों ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। इसमें मनिंदर उर्फ बुटर और हन्नी के पैरों में गोली लगी और वे जमीन पर गिर पड़े। इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों को काबू कर लिया।

तलाशी के दौरान मनिंदर उर्फ बुटर के पास से एक देशी पिस्टल और हन्नी के कब्जे से एक देशी कट्टा बरामद किया गया। घटनास्थल पर सीन ऑफ क्राइम टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए। घायल आरोपियों को प्राथमिक उपचार के बाद सामान्य अस्पताल रेवाड़ी में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार पुलिस निगरानी में चल रहा है।

पुलिस के अनुसार, मनिंदर उर्फ बुटर के खिलाफ थाना सदर, शहर और मॉडल टाउन रेवाड़ी में मारपीट, आबकारी अधिनियम, एनडीपीएस एक्ट और आर्म्स एक्ट के तहत पहले से सात मामले दर्ज हैं। मुठभेड़ के संबंध में थाना रामपुरा में सरकारी कार्य में बाधा डालने, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न धाराओं के तहत अलग से केस दर्ज किया गया है। आरोपियों के स्वस्थ होने के बाद उन्हें पुलिस रिमांड पर लेकर मनोज हत्याकांड, अन्य आपराधिक वारदातों और उनके सहयोगियों के बारे में पूछताछ की जाएगी।

गौरतलब है कि गांव गोकलगढ़ निवासी मनोज बुधवार दोपहर बाइक ठीक कराने के लिए गरिमा बाइक रिपेयरिंग सेंटर पर गया था। इसी दौरान बाइक पर सवार होकर आए तीन युवकों ने उस पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। एक गोली मनोज के पेट में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन और स्थानीय लोग उसे पहले नागरिक अस्पताल लेकर पहुंचे। हालत गंभीर होने पर उसे निजी अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान शाम करीब पांच बजे उसकी मौत हो गई।

मनोज के पिता सुरेश की शिकायत पर पुलिस ने सात युवकों के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था। पुलिस के अनुसार, मनिंदर, महेश और विशाल पर वारदात को अंजाम देने का आरोप है। वहीं अनुज उर्फ डॉ., तरुण उर्फ तन्नू और हर्ष पर हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया गया है। राहुल पर वारदात से पहले मनोज की रेकी करने का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, मनिंदर ने मनोज पर गोली चलाई थी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here