Home Haryana मानसून से पहले प्रशासन अलर्ट, एडीसी ने यमुना तटीय बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों...

मानसून से पहले प्रशासन अलर्ट, एडीसी ने यमुना तटीय बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया निरीक्षण

4
0
Screenshot

सुंदर कुंडू, पलवल। आगामी मानसून सीजन को देखते हुए पलवल जिला प्रशासन ने संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में अतिरिक्त उपायुक्त उत्सव आनंद ने यमुना नदी के किनारे स्थित बाढ़ प्रभावित और संवेदनशील क्षेत्रों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित विभागों द्वारा किए जा रहे बाढ़ सुरक्षा और तटबंध सुदृढ़ीकरण कार्यों का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

 

निरीक्षण के दौरान अतिरिक्त उपायुक्त ने गांव मोहना, बागपुर, सोलड़ा, राजूपुर और चांदहट सहित यमुना तटीय क्षेत्रों का दौरा किया। उन्होंने इन स्थानों पर तटबंधों की स्थिति, जल निकासी व्यवस्था, बाढ़ नियंत्रण उपायों और आपातकालीन तैयारियों की समीक्षा की। यमुना नदी में जलस्तर बढ़ने की स्थिति में इन गांवों को अत्यंत संवेदनशील माना जाता है।

दौरे के दौरान एडीसी ने स्थानीय प्रशासन, सिंचाई विभाग, राजस्व विभाग, पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों से बातचीत कर बाढ़ से बचाव को लेकर की गई तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन मानसून के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क है और व्यापक स्तर पर बाढ़ प्रबंधन की तैयारियां सुनिश्चित की जा रही हैं।

उत्सव आनंद ने सिंचाई विभाग को तटबंधों की मरम्मत, कमजोर स्थलों को मजबूत करने, जल प्रवाह की नियमित निगरानी तथा आवश्यक संसाधनों और उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भविष्य में दोबारा निरीक्षण कर कार्यों की गुणवत्ता और प्रभावशीलता का मूल्यांकन भी किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यमुना तटवर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है ताकि संभावित बाढ़ की स्थिति में जन-धन के नुकसान को न्यूनतम किया जा सके। साथ ही राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी की जा रही हैं।

इस अवसर पर सिंचाई विभाग के एक्सईएन मोहित वशिष्ठ ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा उपायों को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई है। वर्ष 2025 में किए गए बाढ़ सुरक्षा कार्यों, विशेषकर बांध और तटबंध निर्माण कार्यों का भी निरीक्षण किया गया। ग्रामीणों से प्राप्त सुझावों और समस्याओं को ध्यान में रखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here