सोनीपत | जिला उपायुक्त (डीसी) सुशील सारवान ने गन्नौर खंड की ग्राम पंचायत तेवड़ी की सरपंच रेनू बाला को तत्काल प्रभाव से पद से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई पंचायत रिकॉर्ड प्रस्तुत न करने, सरकारी आदेशों की बार-बार अनदेखी करने और पद के दुरुपयोग के आरोपों के आधार पर की गई है।
हरियाणा पंचायती राज अधिनियम 1994 की धारा 51 के तहत जारी आदेश में कहा गया है कि सरपंच द्वारा पंचायत का पूरा रिकॉर्ड — कार्यवाही पुस्तिका, पासबुक, बिल-वाउचर, प्रस्ताव, प्राकलन, स्टॉक रजिस्टर और अन्य दस्तावेज — बार-बार कहने के बावजूद उपलब्ध नहीं करवाए गए।
कारण बताओ नोटिस और जवाब असंतोषजनक
डीसी कार्यालय ने 29 अगस्त को सरपंच को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। 8 सितंबर को रेनू बाला ने जवाब प्रस्तुत किया, लेकिन जांच में उनका उत्तर असंतोषजनक पाया गया। रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग किया और कर्तव्यों का निर्वहन गंभीरता से नहीं किया।
निलंबन के दौरान जांच जारी रहेगी
डीसी सुशील सारवान ने आदेश में कहा कि पंचायत का पूरा रिकॉर्ड तत्काल प्रभाव से बहुमत वाले पंच को सौंपा जाए। मामले की विस्तृत जांच के लिए अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। जांच पूरी होने तक सरपंच निलंबित रहेंगी।
आदेश की प्रतियां भेजी गईं
इस आदेश की प्रतियां विकास एवं पंचायत विभाग, चंडीगढ़, रोहतक मंडल आयुक्त, सोनीपत एडीसी, जिला पंचायत अधिकारी और संबंधित अधिकारियों को भेज दी गई हैं।







