यमुनानगर। हरियाणा के यमुनानगर जिले में कांवड़ यात्रा के दौरान एक दर्दनाक सड़क हादसे ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। रादौर-कुरुक्षेत्र मार्ग पर गांव घोरड़ के समीप देर रात तेज रफ्तार अज्ञात ट्रक ने पैदल जा रहे दो कांवड़ियों को टक्कर मार दी। हादसा इतना भयावह था कि दोनों श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ट्रक चालक वाहन सहित फरार हो गया।
मृतकों की पहचान जींद जिले के नरवाना स्थित मोरपट्टी मोहल्ला निवासी 21 वर्षीय सचिन पुत्र शमशेर सिंह और 21 वर्षीय अजय कुमार उर्फ काला पुत्र बीरा राम के रूप में हुई है। दोनों युवक हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपने गांव लौट रहे थे और पहली बार कांवड़ यात्रा में शामिल हुए थे।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल पहुंचाया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। पुलिस ने अज्ञात ट्रक चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बताया जा रहा है कि मृतक सचिन अपने परिवार का इकलौता बेटा था और उसकी दो बहनें हैं। इसी वर्ष 5 फरवरी को सचिन और उसकी बहन का विवाह एक ही दिन संपन्न हुआ था। वहीं अजय कुमार अपने दो भाइयों में सबसे छोटा था और परिवार के साथ खेती-बाड़ी के कार्य में हाथ बंटाता था। दोनों युवकों की असमय मौत से गांव और परिवारों में शोक की लहर है।
हादसे के दौरान सचिन का चचेरा भाई विक्रम भी उनके साथ मौजूद था। विक्रम ने बताया कि रात करीब 11 बजे उनका जत्था सड़क किनारे पैदल आगे बढ़ रहा था। इसी दौरान पीछे से आए तेज रफ्तार ट्रक ने सचिन और अजय को जोरदार टक्कर मार दी। उसने समय रहते सड़क से हटकर छलांग लगा दी, जिससे उसकी जान बच गई।
प्रत्यक्षदर्शी विक्रम ने हादसे के बाद प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर भी सवाल उठाए। उसका कहना है कि उत्तर प्रदेश में कांवड़ मार्ग पर पर्याप्त रोशनी और सुरक्षा व्यवस्था मौजूद थी, जबकि हरियाणा में कई स्थानों पर सड़कें अंधेरे में डूबी हुई थीं और यातायात पुलिस की तैनाती भी नजर नहीं आई। उसका दावा है कि यदि मार्ग पर बेहतर रोशनी और ट्रैफिक प्रबंधन होता तो यह हादसा टल सकता था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ट्रक चालक की पहचान के लिए आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। जल्द ही वाहन और चालक की पहचान कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।







