चंडीगढ़। जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) के युवा प्रदेश अध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला ने हरियाणा सरकार से भर्ती, रोजगार और कर्मचारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर श्वेत पत्र जारी करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं और कर्मचारियों से किए गए वादों की वास्तविक स्थिति जनता के सामने रखी जानी चाहिए ताकि सरकार की घोषणाओं और जमीनी हकीकत के बीच का अंतर स्पष्ट हो सके।
दिग्विजय चौटाला ने कहा कि हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) की भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि कितने बाहरी राज्यों के अभ्यर्थियों को नियुक्तियां दी गईं और इस दौरान हरियाणा के युवाओं के हितों तथा आरक्षण व्यवस्था का किस हद तक पालन किया गया। उन्होंने मांग की कि भर्ती से जुड़े सभी आंकड़े और तथ्य सार्वजनिक किए जाएं ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
उन्होंने कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (सीईटी) का मुद्दा उठाते हुए कहा कि परीक्षा आयोजित हुए एक वर्ष से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक सरकार ने यह स्पष्ट नहीं किया कि कितने उम्मीदवार सफल हुए और उनमें से कितनों को रोजगार मिला। उन्होंने भर्ती प्रक्रिया की वर्तमान स्थिति और रिक्त पदों की जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की।
जेजेपी नेता ने सरकार द्वारा किए गए उस वादे का भी जिक्र किया, जिसमें सीईटी पास युवाओं को एक वर्ष तक नौकरी नहीं मिलने पर 9,000 रुपये प्रतिमाह सहायता देने की बात कही गई थी। उन्होंने सवाल उठाया कि इस योजना के तहत अब तक कितने युवाओं को लाभ मिला है और कितनी राशि वितरित की गई है।
दिग्विजय चौटाला ने हरियाणा कौशल रोजगार निगम (एचकेआरएन) के कर्मचारियों की सेवा सुरक्षा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि निगम के करीब 1.20 लाख कर्मचारी लंबे समय से नौकरी की स्थिरता और भविष्य को लेकर असमंजस की स्थिति में हैं। सरकार ने कर्मचारियों को सुरक्षा देने का आश्वासन दिया था, लेकिन दो वर्ष बाद भी इस दिशा में ठोस परिणाम सामने नहीं आए हैं।
उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि एचपीएससी भर्तियों, सीईटी परिणामों, रोजगार की वास्तविक स्थिति, 9,000 रुपये सहायता योजना और एचकेआरएन कर्मचारियों की जॉब सिक्योरिटी से संबंधित सभी आंकड़ों को शामिल करते हुए एक विस्तृत श्वेत पत्र जारी किया जाए। उनका कहना था कि युवाओं और कर्मचारियों से जुड़े इन महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार को जवाबदेही और पारदर्शिता का परिचय देना चाहिए।
दिग्विजय चौटाला ने कहा कि प्रदेश का युवा वर्ग अपने भविष्य और रोजगार के अवसरों को लेकर स्पष्ट जानकारी चाहता है। ऐसे में सरकार का दायित्व है कि वह सभी तथ्यों को सार्वजनिक कर जनता के सवालों का जवाब दे और भरोसे को मजबूत करे।







